Logo
ब्रेकिंग न्यूज़
मनासा में पत्रकारों का महाकुंभ: जिला स्तरीय पत्रकार सम्मेलन आज, प्रदेशभर के पत्रकारों का होगा संगमकर्नाटक में सीएम बदलने की अटकलें: वेणुगोपाल बोले- ऑल इज वेल, मीटिंग में राज्यसभा चुनाव पर हुई बातरात्रि चौपाल में प्राप्त समस्याओं का त्वरित निराकरण: दंतलाई में कांक्रीट रैंप तैयार, शिवपुरिया में पाइप लाइन डालने की तैयारीपेयजल समस्या का तुरंत समाधान करें, मानसून पूर्व आपदा प्रबंधन तैयार रखें - कलेक्टर श्री चंद्राई-साइकिलों के प्रयोग से महिला कर्मयोगियों को मिलेगी शक्ति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | मुख्यमंत्री ने उज्जैन में महिला कर्मयोगी बहनों को नि:शुल्क ई-साइकिलें बांटी सीएसआर फंड से जिला प्रशासन उज्जैन ने उपलब्ध करवाईं ई-साइकिलें“अपनापन” केवल पुस्तक नहीं, बल्कि संगठन, समर्पण, संघर्ष और नेतृत्व की कार्यशैली को समझने का दस्तावेज है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | नई पीढ़ी और कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा स्त्रोत रहेगी पुस्तक मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केंद्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान को पडेमोग्राफिक चेंज पर मोदी सरकार ने बनाई हाई लेवल कमेटी, शाह बोले- घुसपैठ वर्तमान और भविष्य के लिए बड़ी चुनौतीरामपुरा में जनसेवा को मिलेगा नया केंद्र: विधायक अनिरुद्ध माधव मारू के कार्यालय का 27 मई को होगा भव्य शुभारंभसीएम हेल्पलाइन शिविर में एसपी राजेश व्यास की सख्ती: 13 शिकायतों का मौके पर निराकरण, 57 फरियादियों की सुनी समस्याएंप्रधानमंत्री श्री मोदी के सफल 12 वर्ष पूर्ण होने पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दी बधाई | प्रदेशवासियों की ओर से किया प्रधानमंत्री श्री मोदी का अभिनंदनतमिलनाडु CM जोसेफ विजय पहली बार आ रहे दिल्ली, PM मोदी और राहुल गांधी से करेंगे मुलाकात, JNU भी जाएंगे, जानें क्यों?प्रधानमंत्री धरती आबा उत्‍कृष्‍ट ग्राम अभियान आयोजितनिर्माण कार्य की सूचना देना अनिवार्य जानकारी नही देने पर तीन माह तक का कारावास और दो हजार रूपये जुर्माने का प्रावधानजनसुनवाई में संवेदनशीलकलेक्टरश्री चंद्रा : 113 समस्याएं सुनीं, तत्काल समाधान के दिए निर्देशक्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक के बाद एस जयशंकर ने कहा- आतंकवाद के खिलाफ हो जीरो टॉलरेंस

गर्मी से मानव स्वास्थ्य पर होने वाले दूष्प्रभाव से बचाव व रोकथाम की जागरूकता

Author
Admin Malwa First 06 मई 2026, 03:56 pm
गर्मी से मानव स्वास्थ्य पर होने वाले दूष्प्रभाव से बचाव व रोकथाम की जागरूकता
माह मार्च से माह जुलाई तक तापमान में बढ़ोत्तरी परिलक्षित होती है, वर्तमान में ग्लोबल वार्मिंग (Global Warming) के कारण जलवायु परिवर्तन से तापमान में हो रही वृद्धि के कारण हमारे स्वास्थ्य पर मौसम का दुष्प्रभाव परिलक्षित होता है। जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.दिनेश प्रसाद ने बताया, कि अधिक तापमान के कारण होने वाले स्वास्थ्य पर दूष्प्रभावों की रोकथाम एवं प्रभावी नियंत्रण के लिए समयानुसार उपाय किये जाए, ताकि मानव स्वास्थ्य को होने वाली हानि से यथासंभव बचाया जा सकें। लू (heat stroke)- हीट स्ट्रोक (सन स्ट्रोक) शरीर की वह अवस्था है जिसमें गर्मी के कारण शरीर का तापमान 40.0 डिग्री सेल्सियस (104.0 डिग्री फारेनहाइट) के पास पहुँच जाता है और मन में उलझन की स्थिति रहती है। यह स्थिति एकाएक आ सकती है या धीरे-धीरे। इस समस्या की जटिल अवस्था होने पर किडनी काम करना बन्द कर सकती है। लू लगने पर अगर तुरंत उपचार न मिले तो मृत्यु भी हो सकती है। इसलिये पर्याप्त मात्रा में पानी अवश्य पिये, छोटे बच्चों को कपड़े से ढककर छाया वाले स्थान पर रखें। गर्मियों में पसीना अधिक आने के कारण शरीर की त्वचा पर भी असर होता है। पसीना शरीर पर आता रहता है और जमता रहता है जिसके कारण त्वचा पर कई बार खुजली कि होने लगती है और गर्मी से एलर्जी हो जाती है और लाल हो जाती है। कई बार ज्यादा खुजली करने के कारण शरीर बहुत लाल हो जाती है। शरीर की त्वचा पर घुमन सी होती है जिसके कारण इसे कांटेदार गर्मी भी कहा जाता है। हीट रेशेज के लक्षण - छोटे गुलाबी या लाल रंग की त्वचा या फिर छोटे छोटे दाने निकलना। जलन, खुजली या त्वचा पर चुभन सी महसूस होना ऐसा तब होता है जब शरीर का पसीना आसानी से वाष्पित नहीं हो पाता। क्या उपाय करें - ठंडे पानी और कूलर की सहायता से शरीर का तापमान नियंत्रित करें। ढीले सूती कपड़े पहने। प्रभाव को कम करने के लिए विशेष प्रकार के सनस्क्रीन लोशन का प्रयोग करें। जितना संभव हो सके त्वचा को साफ और शुष्क बना कर रखें । इससे संक्रमण की संभावना कम होती है। गर्मी में घर से बहार निकलते वक्त छाते का प्रयोग अवश्य करें। घर से बाहर पानी या ठंडा शरबत पी कर ही बाहर निकले जैसे आम पन्ना और शिकंजी ज्यादा फायदेमंद है। घर से बाहर जाते समय पीने का पानी साथ में लेकर जाए। अगर तेज धूप में थे तो एकदम से ठंडा पानी नहीं पीना चाहिए। निर्जलीकरण(Dehydration) - गर्मी के कारण शरीर में पानी की कमी हो जाती है। ऐसा तब होता है जब कोई काफी समय से काम में व्यस्त है या ज्यादा शरीरिक कार्य (body work) करता है और यदि काफी समय से पानी नहीं पीया जाए इससे गर्मी में डीहाइड्रेशन की समस्या उत्पन्न हो जाती है। शरीर को निर्जलीकरण (dehydration) से बचने के लिए नियमित रूप से थोड़े थोड़े समय बाद पानी पीना आवश्यक है, अगर किसी का गला बार बार सूख रहा है तो ये संकेत है कि उसका शरीर में पर्याप्त पानी (hydration) नहीं है। यदि किसी दिन बहुत ज्यादा गर्मी है उस दिन ज्यादा व्यायाम से बचें क्योंकि इससे शरीर का पानी जल्दी सूखता है। सुबह जल्दी और देर शाम जब ठंडक हो तभी व्यायाम किया जाना चाहिए। निर्जलीकरण (Dehydration), ज्यादा पसीना आ जाना, कमजोर या थका हुआ महसूस करना, शरीर का तापमान बढ़ना, त्वचा का रंग पीला पड़ना या चेहरा पीला पढ़ना, मितली / उल्टी जैसा महसूस करना, बेहोशी आना। क्या उपाय करें- अगर घर से बाहर है और निर्जलीकरण के संकेत मिलें तो किसी छाया वाले और शांत जगह पर आराम करें। इलेक्ट्रॉल/ओ.आर एस / फलों का रस आदि पेय पदार्थों का निरंतर सेवन करते रहे। कॉर्बोनेटेड और कैफीन युक्त पेय से बचें।
Ad

ताज़ा खबरें

मनासा में पत्रकारों का महाकुंभ: जिला स्तरीय पत्रकार सम्मेलन आज, प्रदेशभर के पत्रकारों का होगा संगम
नीमच

मनासा में पत्रकारों का महाकुंभ: जिला स्तरीय पत्रकार सम्मेलन आज, प्रदेशभर के पत्रकारों का होगा संगम

कर्नाटक में सीएम बदलने की अटकलें: वेणुगोपाल बोले- ऑल इज वेल, मीटिंग में राज्यसभा चुनाव पर हुई बात
राष्ट्रीय

कर्नाटक में सीएम बदलने की अटकलें: वेणुगोपाल बोले- ऑल इज वेल, मीटिंग में राज्यसभा चुनाव पर हुई बात

रात्रि चौपाल में प्राप्त समस्याओं का त्वरित निराकरण: दंतलाई में कांक्रीट रैंप तैयार, शिवपुरिया में पाइप लाइन डालने की तैयारी
नीमच

रात्रि चौपाल में प्राप्त समस्याओं का त्वरित निराकरण: दंतलाई में कांक्रीट रैंप तैयार, शिवपुरिया में पाइप लाइन डालने की तैयारी

पेयजल समस्या का तुरंत समाधान करें, मानसून पूर्व आपदा प्रबंधन तैयार रखें - कलेक्टर श्री चंद्रा
नीमच

पेयजल समस्या का तुरंत समाधान करें, मानसून पूर्व आपदा प्रबंधन तैयार रखें - कलेक्टर श्री चंद्रा

ई-साइकिलों के प्रयोग से महिला कर्मयोगियों को मिलेगी शक्ति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | मुख्यमंत्री ने उज्जैन में महिला कर्मयोगी बहनों को नि:शुल्क ई-साइकिलें बांटी सीएसआर फंड से जिला प्रशासन उज्जैन ने उपलब्ध करवाईं ई-साइकिलें
मध्यप्रदेश

ई-साइकिलों के प्रयोग से महिला कर्मयोगियों को मिलेगी शक्ति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | मुख्यमंत्री ने उज्जैन में महिला कर्मयोगी बहनों को नि:शुल्क ई-साइकिलें बांटी सीएसआर फंड से जिला प्रशासन उज्जैन ने उपलब्ध करवाईं ई-साइकिलें