महुआ मोइत्रा के समर्थन में आये विकास रंजन भट्टाचार्य, "अंडा थेरेपी" कल्चर को बताया शर्मनाक
कोलकाता से अमित शर्मा की रिपोर्ट Mahua Moitra: तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा एक बार हमले का शिकार हुई थीं. नदिया जिले के कालीगंज में पार्टी बैठक में पहुंचीं मोइत्रा पर प्रदर्शनकारियों ने अंडे और कीचड़ फेंके. इस घटना को लेकर राजनीतिक घमासान तेज हो गया है.
दिलचस्प बात यह रही कि राजनीतिक विरोधी माने जाने वाले विकास रंजन भट्टाचार्य भी मोइत्रा के समर्थन में खुलकर सामने आये. विकास ने घटना को बताया शर्मनाक भट्टाचार्य ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा कि मोइत्रा उनकी राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी हो सकती हैं, लेकिन वह एक निर्वाचित सांसद हैं और उनके खिलाफ किसी तरह की गुंडागर्दी या जबरदस्ती के आरोप की जानकारी उन्हें नहीं है.
उन्होंने कहा कि जिस तरह से मोइत्रा को सार्वजनिक रूप से अपमानित किया गया, वह एक सभ्य लोकतांत्रिक समाज के लिए शर्मनाक है. उन्होंने इस घटना की निंदा करते हुए कहा कि समाज के हर जिम्मेदार व्यक्ति को ऐसी असभ्यता के खिलाफ आवाज उठानी चाहिए. अखिलेश यादव ने भी घटना पर दी थी प्रतिक्रया उनके समर्थन में अखिलेश यादव भी सामने आये.
समाजवादी पार्टी प्रमुख ने आरोप लगाया कि भाजपा शासित राज्यों, खासकर पश्चिम बंगाल में, भाजपा राजनीतिक माहौल को विषाक्त बना रही है और सत्ता का दुरुपयोग कर रही है. उन्होंने कहा कि अदालत और लोकसभा अध्यक्ष को इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करना चाहिए. ‘अंडा थेरेपी’ की बंगाल में बढ़ा चलन ममता बनर्जी नेतृत्व वाली तृणमूल के कई नेता हाल के दिनों में तथाकथित ‘अंडा थेरेपी’ का सामना कर चुके हैं.
कुणाल घोष, जयप्रकाश मजूमदार समेत कई बड़े और छोटे नेताओं पर पहले भी अंडे फेंके जा चुके हैं. मोइत्रा को भी पहले निशाना बनाने की कोशिश हुई थी, लेकिन बुधवार को कालीगंज में यह हमला खुलकर सामने आया. इस दिन नदिया के कालीगंज में तृणमूल की एक बैठक आयोजित थी, जिसमें महुआ मोइत्रा शामिल होने पहुंची थीं.
अंडों के साथ कीचड़ भी फेंका गया बैठक स्थल के बाहर राष्ट्रीय राजमार्ग पर काले झंडे लेकर प्रदर्शनकारी जमा हो गये. वे “महुआ मोइत्रा हाय-हाय” और “महुआ गो बैक” जैसे नारे लगाने लगे. आरोप है कि पार्टी कार्यालय की खिड़की से महुआ को देखते ही प्रदर्शनकारियों ने उनकी ओर लगातार अंडे फेंकने शुरू कर दिये.
अंडों के साथ कीचड़ भी फेंका गया. मोइत्रा ने सोशल मीडिया पर कई वीडियो साझा करते हुए आरोप लगाया कि भाजपा समर्थक प्रदर्शनकारियों ने उन्हें और तृणमूल कार्यकर्ताओं को घंटों घेरकर रखा. पश्चिम बंगाल की अन्य महत्वपूर्ण खबरों को पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें तमाशबीन बनी रही बंगाल पुलिस महुआ मोइत्रा ने कहा कि उन्हें बाहर निकलने नहीं दिया जा रहा था और पुलिस तमाशबीन बनी रही.
वीडियो में महुआ ने कहा कि यही राज्य की कानून-व्यवस्था की असल तस्वीर है. उनके अनुसार, भाजपा समर्थकों ने सुनियोजित तरीके से हमला किया, लेकिन पुलिस ने न तो भीड़ को हटाया और न ही हमलावरों के खिलाफ कोई कार्रवाई की. Also Read: कोलकाता में पुनर्जीवित होगी ट्राम सर्विस, ऑस्ट्रेलिया से आयेंगे नये आधुनिक डिब्बे.