राज्यसभा चुनाव : सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन के अपील को किया खारिज, बोलीं नेता-यह लोकतंत्र और संविधान के लिए झटका
Supreme Court : सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश से कांग्रेस की राज्यसभा उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें उन्होंने चुनाव आयोग द्वारा उनके नामांकन को रद्द किए जाने के फैसले को चुनौती दी थी. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हम इस याचिका पर सुनवाई नहीं करना चाहते और इसे खारिज किया जाता है.
न्यायमूर्ति प्रशांत कुमार मिश्रा और न्यायमूर्ति अतुल एस चंदुरकर की पीठ ने कहा, एक बार नामांकन खारिज हो जाने के बाद चुनाव आयोग के पास जाने के अलावा और कोई उपाय नहीं होता है. कोर्ट ने पूछा कि क्या न्यायालय का ऐसा कोई निर्णय है, जिसमें हमने इस चरण में हस्तक्षेप किया हो? यह लोकतंत्र के लिए झटका है #WATCH | Delhi: On Supreme Court rejecting her plea, Congress leader Meenakshi Natarajan says, "This is not a personal setback.
This is a setback to the democracy and the Constitution of India… I said this in the beginning that the members of the Election Commission were… pic.twitter.com/4ZWxZwspsc — ANI (@ANI) June 12, 2026 सुप्रीम कोर्ट द्वारा याचिका किए जाने के बाद कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन ने कहा कि यह कोई उनके लिए व्यक्तिगत झटका नहीं है.
यह भारतीय लोकतंत्र और भारत के संविधान के लिए झटका है. मैंने शुरू में ही कहा था कि इलेक्शन कमीशन की सरकार के सांठगांठ है और वह साबित भी हो गया है. मुझे कोर्ट के बारे में कुछ नहीं कहना है, कोर्ट ने तो कम से कम हमारा पक्ष सुना है और अपना एक फैसला दिया है.
चुनाव आयोग से तो जब हमारे लोगों ने बात की तो, उन्होंने 48 घंटे तक हमें जवाब नहीं दिया. नटराजन के वकील ने कोर्ट में कहा-केवल आपराधिक मामलों की जानकारी देना जरूरी होता है मीनाक्षी नटराजन की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक सिंघवी ने दलील दी कि किसी उम्मीदवार को केवल वही आपराधिक मामला घोषित करना होता है, जिसमें न्यूनतम दो वर्ष की सजा का प्रावधान हो.
उन्होंने कहा कि वर्तमान मामले में केवल समन जारी हुए थे.सिंघवी ने कहा कि मध्य प्रदेश से राज्यसभा चुनाव के लिए नटराजन का नामांकन पत्र निर्वाचन अधिकारी ने जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत एक आपराधिक मामले का खुलासा न करने के आरोप में गलत तरीके से खारिज कर दिया है.
9 जून को खारिज हुआ था मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र राज्यसभा चुनाव के लिए मध्यप्रदेश से कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन 9 जून को रिटर्निंग ऑफिसर ने शपथपत्र में जानकारी छिपाने के आधार पर खारिज कर दिया था. जिसके बाद कांग्रेस पार्टी ने चुनाव आयोग पर बीजेपी सरकार के साथ जुगलबंदी करने का आरोप लगाया और कहा कि देश उस ओर जा रहा है जहां लोकतंत्र खतरे में है और विपक्ष की भूमिका को शून्य करने की कोशिश की जा रहा है.
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