Logo
ब्रेकिंग न्यूज़
'यूजरनेम' फीचर पर सरकार का एक्शन: WhatsApp के बाद Telegram और Signal को भी भेजा नोटिसमुख्यमंत्री डॉ. यादव से मिले त्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. मणिक साहामुंबई में मानसून का रौद्र रूप, 4 दिनों में 400 मिमी बारिश, तस्वीरों में देखें शहर का हाल18 जिलों में होंगे नर्मदा जयंती कार्यक्रम, नदी संरक्षण से समाज को भी जोड़ें : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | अब हर महीने होगी नर्मदा समग्र की बैठक नर्मदा परिक्रमा पथ पर मार्ग संकेतक लगाये जाएं मां नर्मदा के जल को निर्मल और अविरल बनाये रखने के लिए नमन मिशन तैयार, 2Road Safety: सड़क हादसे पर लगाम लगाने के लिए रोड एंबुलेंस के निर्माण में होगा बदलावसंभावित अल्प वर्षा से निपटने के लिए सभी विभाग करें समन्वित तैयारी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | कम पानी और कम अवधि वाली फसलें अपनाने के लिए किसानों को करें प्रेरित पूर्व चेतावनी के लिए बनाए जाएंगे राज्य स्तरीय जल डैशबोर्ड मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संभावित अल्प वभारत विकास परिषद मुख्य शाखा नीमच ने डॉक्टर्स डे पर किया चिकित्सकों का सम्मानउत्तराखंड में भारी बारिश, 5 जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट; बद्रीनाथ और केदारनाथ मार्ग प्रभावितआरसेटी में जुलाई माह में विभिन्न ट्रेडों में निःशुल्क स्वरोजगार प्रशिक्षण होगा शुरूजिले में अब तक औसत 155 मि.मी. वर्षा दर्जजल गंगा संवर्धन अभियान के तहत कानाखेड़ा की प्राचीन बावड़ी पर मनाया गया बावड़ी उत्सवसेफ क्लिक 2.0 अभियान के तहत 80 छात्राओं व शिक्षकों को किया साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकमहुआ मोइत्रा के समर्थन में आये विकास रंजन भट्टाचार्य, "अंडा थेरेपी" कल्चर को बताया शर्मनाकराष्ट्रपति भवन में जापान की पीएम तकाइची का भव्य स्वागत, मोदी बोले- रणनीतिक साझेदारी को मिलेगी नई रफ्तारत्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. माणिक साहा का उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने किया अभिनंदन | 28वें एओएमएसआई मिड-टर्म कन्वेंशन एवं 14वें एओएमएसआई पोस्टग्रेजुएट कन्वेंशन—मिडकॉम्स 2026 में होंगे शामिल

एक साल, 260 मौतें और कई सवाल… आखिर AI-171 दुर्घटना की वजह क्या थी?

Author
Prabhat Khabar 12 जून 2026, 09:21 pm
एक साल, 260 मौतें और कई सवाल… आखिर AI-171 दुर्घटना की वजह क्या थी?

Air India AI-171 Crash: एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 दुर्घटना को एक साल पूरा हो गया है, लेकिन इस भीषण हादसे में अपनों को खो चुके लोगों को हादसे की असली वजज नहीं पता चला है. 260 लोगों की जान लेने वाली इस त्रासदी की अंतिम जांच रिपोर्ट अब तक सार्वजनिक नहीं की गई है.

विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) ने जुलाई 2025 में अंतरिम रिपोर्ट जारी की थी, लेकिन उसमें दुर्घटना के कारणों का साफ-साफ जिक्र नहीं किया गया था. रिपोर्ट में केवल इतना संकेत दिया गया था कि उड़ान भरने के तुरंत बाद विमान के इंजनों के ईंधन स्विच बंद हो गए थे.

इस अहम जानकारी के बावजूद दुर्घटना की असली वजह अब तक साफ नहीं हो पाई है. अंतिम रिपोर्ट का इंतजार जारी है. परिवारों के लिए दर्दनाक रहा इंतजार हादसे में अपनों को खोने वाले परिवार बीते एक साल से जवाबों की तलाश में हैं. जांच रिपोर्ट का इंतजार कई परिवारों के लिए बेहद पीड़ादायक रहा है.

वे इस त्रासदी में खोए अपने प्रियजनों की यादों के सहारे जी रहे हैं लेकिन उनके मन में उठ रहे सवालों के जवाब उन्हें अब भी नहीं मिले हैं. अंतिम रिपोर्ट नहीं आने के कारण उनका दुख और गहरा गया है क्योंकि उन्हें अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि हादसा आखिर क्यों हुआ.

अंतरराष्ट्रीय विमानन नियमों के तहत यदि संभव हो तो किसी विमान हादसे की अंतिम जांच रिपोर्ट एक साल के भीतर जारी की जानी चाहिए और यदि रिपोर्ट पूरी नहीं हो पाती तो अंतरिम बयान जारी किया जा सकता है. नागर विमानन मंत्री के. राममोहन नायडू ने 8 मई को कहा था कि जांच अंतिम चरण में है और रिपोर्ट एक महीने के भीतर आ सकती है.

उन्होंने कहा था कि सरकार जांच प्रक्रिया में हस्तक्षेप नहीं करती, लेकिन एएआईबी (AAIB) को हर जरूरी संसाधन मुहैया कराए जा रहे हैं. जल्दबाजी में रिपोर्ट जारी करने पायलट संघ ने किया विरोध इधर, फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स के अध्यक्ष सीएस रंधावा का कहना है कि एएआईबी को पूरी और व्यापक जांच के बाद ही अंतिम रिपोर्ट जारी करनी चाहिए.

उन्होंने मीडिया में चल रही अंतरिम रिपोर्ट जारी होने की अटकलों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अधूरी जानकारी सार्वजनिक करने से भ्रम और बढ़ सकता है. उनके मुताबिक यदि जांच से अभी कोई ठोस नतीजे नहीं निकला है, तो जल्दबाजी में रिपोर्ट जारी करना ठीक नहीं होगा.

32 सेकंड में खत्म हो गई थी उड़ान 12 जून 2025 को अहमदाबाद से लंदन जा रही एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 उड़ान भरने के महज 32 सेकंड बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी. विमान सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से उड़ान भरने के तुरंत बाद बीजे मेडिकल कॉलेज के छात्रावास परिसर पर गिर गया था.

इस हादसे में विमान में सवार 241 यात्रियों और चालक दल के सदस्यों सहित कुल 260 लोगों की मौत हुई थी. जमीन पर मौजूद 19 लोगों ने भी अपनी जान गंवाई थी. विमान में सवार केवल एक यात्री जीवित बच पाया था. गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी भी इस दुर्घटना में जान गंवाने वालों में शामिल थे.

प्रधानमंत्री को लिखा गया था पत्र हादसे में जान गंवाने वाले 30 लोगों के परिवारों ने अप्रैल 2026 में अहमदाबाद में बैठक कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा था. उन्होंने कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (CVR) और ब्लैक बॉक्स का डेटा सार्वजनिक करने और जांच जल्द पूरी करने की मांग की थी.

परिजनों का कहना है कि दुर्घटना की सच्चाई सामने आना न केवल पीड़ित परिवारों के लिए जरूरी है, बल्कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण है. Also Read: राज्यसभा चुनाव : सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन के अपील को किया खारिज, बोलीं नेता-यह लोकतंत्र और संविधान के लिए झटका.

Ad

ताज़ा खबरें

'यूजरनेम' फीचर पर सरकार का एक्शन: WhatsApp के बाद Telegram और Signal को भी भेजा नोटिस
राष्ट्रीय

'यूजरनेम' फीचर पर सरकार का एक्शन: WhatsApp के बाद Telegram और Signal को भी भेजा नोटिस

मुख्यमंत्री डॉ. यादव से मिले त्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. मणिक साहा
मध्यप्रदेश

मुख्यमंत्री डॉ. यादव से मिले त्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. मणिक साहा

मुंबई में मानसून का रौद्र रूप, 4 दिनों में 400 मिमी बारिश, तस्वीरों में देखें शहर का हाल
राष्ट्रीय

मुंबई में मानसून का रौद्र रूप, 4 दिनों में 400 मिमी बारिश, तस्वीरों में देखें शहर का हाल

18 जिलों में होंगे नर्मदा जयंती कार्यक्रम, नदी संरक्षण से समाज को भी जोड़ें : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | अब हर महीने होगी नर्मदा समग्र की बैठक नर्मदा परिक्रमा पथ पर मार्ग संकेतक लगाये जाएं मां नर्मदा के जल को निर्मल और अविरल बनाये रखने के लिए नमन मिशन तैयार, 2
मध्यप्रदेश

18 जिलों में होंगे नर्मदा जयंती कार्यक्रम, नदी संरक्षण से समाज को भी जोड़ें : मुख्यमंत्री डॉ. यादव | अब हर महीने होगी नर्मदा समग्र की बैठक नर्मदा परिक्रमा पथ पर मार्ग संकेतक लगाये जाएं मां नर्मदा के जल को निर्मल और अविरल बनाये रखने के लिए नमन मिशन तैयार, 2

Road Safety: सड़क हादसे पर लगाम लगाने के लिए रोड एंबुलेंस के निर्माण में होगा बदलाव
राष्ट्रीय

Road Safety: सड़क हादसे पर लगाम लगाने के लिए रोड एंबुलेंस के निर्माण में होगा बदलाव