पीएम मोदी का आगामी ऑस्ट्रेलिया दौरा, ग्रीन बोले- रक्षा से ग्रीन एनर्जी तक बनेगा नया रोडमैप
Australian High Commissioner Philip Green : भारत में ऑस्ट्रेलिया के हाई कमिश्नर फिलिप ग्रीन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 8 से 10 जुलाई 2026 तक ऑस्ट्रेलिया के आधिकारिक दौरे पर रहेंगे. एएनआई न्यूज एजेंसी के मुताबिक, पीएम मोदी इस दौरान मेलबर्न में आयोजित भारत-ऑस्ट्रेलिया वार्षिक नेताओं के शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे और वहां भारतीय समुदाय के एक विशेष कार्यक्रम ‘मेलबर्न मीट्स मोदी’ को भी संबोधित करेंगे.
ऑस्ट्रेलिया के हाई कमिश्नर फिलिप ग्रीन ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का यह तीसरा ऑस्ट्रेलिया दौरा होगा. चार क्षेत्रों में दिख रहा अवसर फिलिप ग्रीन ने बताया कि ऑस्ट्रेलिया और भारत ने चार ऐसे क्षेत्रों की पहचान की है, जहां सहयोग की अपार संभावनाएं हैं. इनमें शिक्षा, कृषि एवं खाद्य, पर्यटन और ग्रीन एनर्जी सप्लाई चेन शामिल हैं.
उन्होंने कहा कि दोनों देश इन क्षेत्रों में साझेदारी को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए काम कर रहे हैं, जिससे व्यापार और निवेश को भी बड़ा बढ़ावा मिलेगा. #WATCH | Delhi | On PM Narendra Modi's visit to Australia, Philip Green, High Commissioner of Australia to India, says, "…Prime Minister Modi’s third visit as Prime Minister of India, he will be coming to Melbourne, which is one of the biggest Australian capitals and a major… pic.twitter.com/6jEdz6oyOT — ANI (@ANI) July 6, 2026 भारत-ऑस्ट्रेलिया व्यापार में तेज उछाल हाई कमिश्नर ने कहा कि पिछले पांच वर्षों में भारत के वैश्विक निर्यात में लगभग 40 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, लेकिन इसी अवधि में ऑस्ट्रेलिया को भारत का निर्यात करीब 200 प्रतिशत बढ़ा है.
उन्होंने इसे दोनों देशों के मजबूत होते आर्थिक संबंधों का बड़ा संकेत बताया. ग्रीन ने कहा कि कोयला, डीजल, एविएशन फ्यूल और एलएनजी जैसे ऊर्जा संसाधनों का आदान-प्रदान पहले से जारी है और अब इस सहयोग को और अधिक मजबूत बनाने पर चर्चा होगी. रक्षा साझेदारी पर रहेगा खास फोकस फिलिप ग्रीन ने कहा कि भारत-ऑस्ट्रेलिया रक्षा संबंधों की रणनीतिक का सबसे महत्वपूर्ण साझेदारी का क्षेत्र हिंद महासागर है, जहां दोनों देशों के साझा सुरक्षा और हित जुड़े हुए हैं.
उन्होंने कहा कि आज की अनिश्चित वैश्विक परिस्थितियों में भारत और ऑस्ट्रेलिया भरोसेमंद साझेदार बनकर उभरे हैं. प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा रक्षा, सुरक्षा और रणनीतिक सहयोग को नई दिशा देने के साथ-साथ दोनों देशों की व्यापक साझेदारी को और मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगा..