असम की बाढ़ से चाय पर संकट, क्या देशभर में बढ़ सकती है आपके कप की कीमत?
असम में बाढ़ से कई चाय बागानों को भारी नुकसान हुआ है. टी एसोसिएशन ऑफ इंडिया की असम शाखा के सचिव दिपांजोल डेका ने बताया कि अभी नुकसान का पूरा आकलन नहीं हो पाया है, क्योंकि कई बागानों के बड़े हिस्से में गाद और कीचड़ भर गया है. उन्होंने बताया कि मजदूरों के क्वार्टरों को भी काफी नुकसान पहुंचा है.
एक-दो बागानों में फैक्ट्री भी प्रभावित हुई है. उन्होंने कहा कि बुरी तरह प्रभावित बागानों में बाउंडप्रो टी एस्टेट भी शामिल है. ये भी पढ़ें: Odisha Flood: घर डूबा.. टूटी सड़कें, नाव के सहारे लोग; तस्वीरों में देखिए बाढ़ का कहर कई बागानों में चाय की तुड़ाई रुकी डेका के मुताबिक, दो-तीन बागानों में अभी तक चाय की तुड़ाई शुरू नहीं हो पाई है.
बाढ़ के कारण ड्रेनेज सिस्टम और अन्य हिस्से कीचड़ में दब गए हैं. इन्हें साफ करने में लंबा समय लग सकता है. उन्होंने कहा कि कुछ प्रभावित इलाकों को सामान्य स्थिति में लौटने में पूरा चाय सीजन भी लग सकता है. फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि बाढ़ के कारण कुल कितनी चाय का उत्पादन प्रभावित होगा, क्योंकि नुकसान का आकलन अभी जारी है.
ये भी पढ़ें: विक्रमशिला सेतु पर आवागमन बंद करने की तिथि 15 दिन तक बढ़ने की संभावना, डीएम की बैठक में हुई चर्चा देशभर में पड़ सकता है असर असम में बाढ़ से चाय उत्पादन प्रभावित होने का असर देशभर में पड़ सकता है. असम भारत के प्रमुख चाय उत्पादक राज्यों में है, इसलिए सप्लाई घटने पर चाय की थोक कीमत बढ़ सकता है.
पीआईबी के एक रिपोर्ट के अनुसार भारत 2025-26 में रिकॉर्ड 282.11 मिलियन किलोग्राम चाय का निर्यात कर चुका है. लेकिन असम की सप्लाई में बड़ी कमी आने पर निर्यातकों के लिए उपलब्ध चाय की मात्रा प्रभावित हो सकती है..