एसडीओपी निकिता सिंह ने संभाला मोर्चा, समझाइश के बाद खुला जाम; स्टेट हाईवे-31 पर आवागमन हुआ बहाल लापता युवती मामले में परिजनों का प्रदर्शन, आरोपी के मकान पर कार्रवाई और साजिशकर्ताओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग; एसडीओपी ने जांच के बाद सख्त कार्रवाई का दि
**रामपुरा। 12 जून से लापता युवती के मामले में परिजनों और ग्रामीणों का आक्रोश शनिवार को उस समय सड़क पर उतर आया, जब गांधी सागर-रावतभाटा मार्ग पर एक युवती का कंकाल मिलने की सूचना के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई। हालांकि पुलिस द्वारा अभी तक कंकाल की पहचान और उसका लापता युवती से संबंध होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
मामले को लेकर परिजनों एवं ग्रामीणों ने पुलिस थाना रामपुरा के सामने चक्का जाम कर दिया, जिससे स्टेट हाईवे-31 पर आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया। प्रदर्शनकारी मामले में संलिप्त बताए जा रहे युवक के मकान को तोड़ने तथा कथित साजिश में शामिल सभी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
स्थिति को देखते हुए एसडीओपी निकिता सिंह ने स्वयं मोर्चा संभाला और मौके पर पहुंचकर परिजनों एवं ग्रामीणों से चर्चा की। उन्होंने प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त किया कि पुलिस मामले के हर पहलू की गंभीरता से जांच कर रही है और जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
एसडीओपी की समझाइश और आश्वासन के बाद परिजन एवं ग्रामीण शांत हुए और चक्का जाम समाप्त कर दिया गया। इसके बाद स्टेट हाईवे-31 पर आवागमन पुनः प्रारंभ हो गया।
वहीं रामपुरा पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी तथ्यों की पुष्टि और जांच पूरी होने के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा। पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और जांच पूरी होने तक धैर्य बनाए **रखने की अपील की है।