Logo
ब्रेकिंग न्यूज़
रेड रोड पर योग दिवस : कलकत्ता हाईकोर्ट में तगड़ी बहस, जानें, जज ने शुभेंदु अधिकारी सरकार को क्या आदेश दियाकलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा ने कंजार्डा में रात्रि चौपाल में सुनी ग्रामीणों की समस्याएंबंगाल में ‘सुरक्षा’ पर संग्राम! ममता बनर्जी की पसंद के बॉडीगार्ड्स को शुभेंदु सरकार ने हटाया, डेरेक ओब्रायन बोले- रात भर बिना सुरक्षा के थीं दीदीराष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु ने ओंकारेश्वर तीर्थ और ज्योतिर्लिंग ममलेश्वर के दर्शन कर किया अभिषेकराष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु के मुख्य आतिथ्य में होगा राज्य स्तरीय समारोह | शुक्रवार को विश्व सिकल सेल दिवस पर ओंकारेश्वर में भव्य समारोहआखिर क्यों 102 दिन बाद भी 26 साल के आकाश का अंतिम संस्कार करने के लिए परिवार नहीं हुआ राजी?नारी सशक्तिकरण और आत्मनिर्भर भारत की संकल्पना को साकार करने सभी की सहभागिता जरूरी : राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु | राष्ट्रपति ने प्रदर्शनी स्टॉल में प्रदर्शित उत्पादों का किया अवलोकन राष्ट्रपति ने जनजातीय महिलाओं के द्वारा बनाए गए उत्पादों की प्रशंसा कीराष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु का बैतूल प्रथम आगमन पर परम्परागत लोक नृत्य की प्रस्तुति से किया स्वागतसपा सांसद अवधेश ने भाजपा पर कसा तंज, कहा- चुनाव से पहले हार की डर से बौखलाई बीजेपीग्राम भाटखेड़ी  बुजुर्ग में क्लस्टर स्तरीय जन कल्याण शिविर संपन्नस्वस्थ आयु के लिये योग थीम पर मनाया जाएगा 12वां अंतर्राष्ट्रीय योग दिवसडाक घरों में आधार कार्ड संबंधित सेवाओं के लिए विशेषअभियान 20 जून कोप्रदेश सरकार जनकल्‍याण के लिए समर्पित होकर कार्य कर रही है- श्री परिहारविकास और संस्कृति का संतुलन ही सशक्त और समृद्ध समाज की आधारशिला : राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु | जनजातीय समाज की जीवन पद्धति मानवता की मार्गदर्शक सेवा और अध्यात्म के संगम से ही समाज में स्थायी और सकारात्मक परिवर्तन संभव राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु ने बैतूल में70 से 80 किलोमीटर की रफ्तार से तूफानी हवा, 18 से ज्यादा राज्यों में बारिश, मौसम को लेकर IMD का अलर्ट

पीएम मोदी ने मिडिल ईस्ट संघर्ष पर मुख्यमंत्रियों से की बात, ‘टीम इंडिया’ की भावना पर जोर

Author
Prabhat Khabar 27 मार्च 2026, 09:18 pm
पीएम मोदी ने मिडिल ईस्ट संघर्ष पर मुख्यमंत्रियों से की बात, ‘टीम इंडिया’ की भावना पर जोर

Middle East Crisis: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मिडिल ईस्ट संघर्ष पर राज्य की तैयारियों और योजनाओं की समीक्षा के लिए मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक की. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यों की तैयारियों और योजनाओं की जानकारी ली. प्रधानमंत्री की बैठक में रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, गृहमंत्री अमित शाह राज्यों के मुख्यमंत्री और कई अधिकारी भी मौजूद रहे.

बैठक में चुनावी राज्यों के मुख्यमंत्री शामिल नहीं हुए. आधिकारिक सूत्रों के अनुसार डिजिटल माध्यम से आयोजित इस बैठक का उद्देश्य ‘टीम इंडिया’ की भावना के तहत केंद्र और राज्यों में समन्वय तय करना था. प्रधानमंत्री ने 28 फरवरी को ईरान पर अमेरिका-इजराइल के हमले शुरू होने के बाद मिडिल ईस्ट संघर्ष पर पहली बार मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक की है.

किन राज्यों के सीएम बैठक में हुए शामिल बैठक में शामिल होने वाले मुख्यमंत्रियों में एन. चंद्रबाबू नायडू (आंध्र प्रदेश), योगी आदित्यनाथ (उत्तर प्रदेश), रेवंत रेड्डी (तेलंगाना), भगवंत मान (पंजाब), भूपेंद्र पटेल (गुजरात), उमर अब्दुल्ला (जम्मू-कश्मीर), सुखविंदर सिंह सुक्खू (हिमाचल प्रदेश), पेमा खांडू (अरुणाचल प्रदेश) और अन्य मुख्यमंत्री शामिल थे.

कैबिनेट सचिवालय करेगा चुनावी राज्यों के मुख्य सचिवों के साथ बैठक चुनावी राज्यों के मुख्यमंत्री आचार संहिता लागू होने के कारण इस बैठक में शामिल नहीं हुए. कैबिनेट सचिवालय तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, असम, केरल और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी के मुख्य सचिवों के साथ अलग से बैठक करेगा.

इससे पहले 25 मार्च को सरकार ने सभी राजनीतिक दलों के नेताओं के साथ बैठक करके उन्हें पश्चिम एशिया की स्थिति की जानकारी दी थी. सरकार ने बुलाई थी सर्वदलीय बैठक सरकार ने 25 मार्च को पश्चिम एशिया संकट पर सर्वदलीय बैठक बुलाई थी. बैठक में सरकार ने विपक्ष के सवालों का जवाब दिया था.

इससे पहले 23 मार्च को लोकसभा में दिए गए बयान में प्रधानमंत्री ने कहा था कि मिडिल ईस्ट संघर्ष के कारण जो हालात बने हैं उसका असर लंबे समय तक रह सकता है. ऐसे में देश को एकजुट और तैयार रहने की जरूरत है, जैसे कोविड-19 महामारी के दौरान रहा था. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद के दोनों सदनों में पश्चिम एशिया संकट पर बयान भी दिया था.

पश्चिम एशिया में इजरायल-अमेरिका और ईरान के बीच 28 फरवरी से जारी जंग के कारण होर्मुज से जहाजों को गुजरने में काफी परेशानी हो रही है. बहुत कम संख्या में कुछ देश के जहाज होर्मुज पार कर पा रहे हैं. इसके कारण कई देशों में ऊर्जा आपूर्ति बाधित हुई है. विदेश और पेट्रोलियम मंत्रालय लगातार कर रहा है अपडेट विदेश मंत्रालय की ओर से मिडिल ईस्ट के मौजूदा हालात की जानकारी शेयर की जा रही है.

शुक्रवार (27 मार्च) को भी मीडिया से बातचीत के दौरान सवालों के जवाब देते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए अपने जहाजों के सुरक्षित पारगमन के लिए सभी संबंधित देशों के संपर्क में है. वहीं पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने गुरुवार को कहा था कि भारत में पेट्रोलियम और एलपीजी की आपूर्ति की स्थिति पूरी तरह से सुरक्षित और नियंत्रण में है और सभी खुदरा ईंधन दुकानों के पास पर्याप्त आपूर्ति है.

देश में कहीं भी पेट्रोल, डीजल या एलपीजी की कमी नहीं है..

Ad

ताज़ा खबरें

रेड रोड पर योग दिवस : कलकत्ता हाईकोर्ट में तगड़ी बहस, जानें, जज ने शुभेंदु अधिकारी सरकार को क्या आदेश दिया
राष्ट्रीय

रेड रोड पर योग दिवस : कलकत्ता हाईकोर्ट में तगड़ी बहस, जानें, जज ने शुभेंदु अधिकारी सरकार को क्या आदेश दिया

कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा ने कंजार्डा में रात्रि चौपाल में सुनी ग्रामीणों की समस्याएं
नीमच

कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा ने कंजार्डा में रात्रि चौपाल में सुनी ग्रामीणों की समस्याएं

बंगाल में ‘सुरक्षा’ पर संग्राम! ममता बनर्जी की पसंद के बॉडीगार्ड्स को शुभेंदु सरकार ने हटाया, डेरेक ओब्रायन बोले- रात भर बिना सुरक्षा के थीं दीदी
राष्ट्रीय

बंगाल में ‘सुरक्षा’ पर संग्राम! ममता बनर्जी की पसंद के बॉडीगार्ड्स को शुभेंदु सरकार ने हटाया, डेरेक ओब्रायन बोले- रात भर बिना सुरक्षा के थीं दीदी

राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु ने ओंकारेश्वर तीर्थ और ज्योतिर्लिंग ममलेश्वर के दर्शन कर किया अभिषेक
मध्यप्रदेश

राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु ने ओंकारेश्वर तीर्थ और ज्योतिर्लिंग ममलेश्वर के दर्शन कर किया अभिषेक

राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु के मुख्य आतिथ्य में होगा राज्य स्तरीय समारोह | शुक्रवार को विश्व सिकल सेल दिवस पर ओंकारेश्वर में भव्य समारोह
मध्यप्रदेश

राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु के मुख्य आतिथ्य में होगा राज्य स्तरीय समारोह | शुक्रवार को विश्व सिकल सेल दिवस पर ओंकारेश्वर में भव्य समारोह