अरुणाचल में बाढ़ का कहर: 4 की मौत, 90 हजार आबादी प्रभावित; CM और केंद्रीय मंत्रियों ने किया हवाई सर्वेक्षण
Arunachal Pradesh Floods: अरुणाचल प्रदेश के सभी 28 जिलों में कुल 90,499 लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं. राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र (एसईओसी) की एक रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 7 दिनों में भारी बारिश के कारण अचानक बाढ़ आ गई और भूस्खलन हुआ. जिससे घर, सड़कें, पुल और सार्वजनिक बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है और दो लोग लापता भी हैं.
मुख्यमंत्री पेमा खांडू और केंद्रीय मंत्री शिवराज- रीजीजू ने किया हवाई सर्वेक्षण मुख्यमंत्री पेमा खांडू और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान एवं किरेन रीजीजू ने बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित केयी पन्योर जिले का दिन में हवाई और जमीनी सर्वेक्षण किया. इन नेताओं का अरुणाचल प्रदेश का दौरा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा सीएम खांडू से फोन पर बात करने के एक दिन बाद हुआ.
अपर सियांग जिले में सबसे ज्यादा 47,357 लोग प्रभावित अपर सियांग जिले में सबसे ज्यादा 47,357 लोग प्रभावित पाए गए, जबकि सियांग में 23,715, क्रा दादी में 8,171 और ईस्ट कामेंग में 5,895 लोग प्रभावित हैं. 28 जून को अंजॉ जिले के सारती गांव में भूस्खलन से एक व्यक्ति की मौत हो गई.
तीन अन्य मौतें 24 जून को केयी पन्योर जिले के पोसा में अचानक आई बाढ़ के कारण हुईं. केयी पन्योर आपदा में 21 लोग घायल हुए, जबकि दो महिलाएं अभी भी लापता हैं. राहत और बचाव कार्य में जुड़ी एनडीआरएफ, एसडीआरएफ की टीम एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, राज्य पुलिस, भारतीय वायु सेना, नागरिक उड्डयन के हेलीकॉप्टर और स्थानीय स्वयंसेवकों की तैनाती के साथ बचाव और राहत कार्य जारी हैं.
केयी पन्योर और निचली दिबांग घाटी से फंसे हुए लोगों को बचाया गया है, जबकि सबसे बुरी तरह प्रभावित इलाकों में राहत शिविर खोले गए हैं. प्रभावित परिवारों को अनाज, दवाइयां और दूसरी जरूरी चीज़ें जैसी राहत सामग्री बांटी जा रही है. ये भी पढ़ें: उत्तराखंड में कुदरत का ‘रौद्र रूप’: उफान पर अलकनंदा, भारी बारिश के बीच प्रशासन हाई अलर्ट पर.