बच्चों को लक्ष्य निर्धारित कर नियमित अध्ययन करने और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने के लिए किया प्रेरित । मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के तहत कलेक्टर श्री हिमांशु चंद्रा ने शुक्रवार को नीमच तहसील के ग्राम जवासा स्थित शासकीय हाई स्कूल का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्थाओं, शिक्षकों की उपस्थिति, शिक्षण गतिविधियों, विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता तथा उपलब्ध शैक्षणिक संसाधनों का जायजा लिया। उन्होंने विद्यार्थियों से सीधे संवाद कर उनकी विषयगत समझ का आकलन किया और बेहतर शैक्षणिक उपलब्धियों के लिए नियमित अध्ययन, निरंतर अभ्यास एवं लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। विद्यार्थियों से संवाद कर परखी शैक्षणिक दक्षता निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री चंद्रा ने कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों से अंग्रेजी विषय से संबंधित प्रश्न पूछे। उन्होंने स्मार्ट डिजिटल बोर्ड के माध्यम से विद्यार्थियों से प्रश्न हल करवाए और उनकी विषयगत समझ एवं शैक्षणिक दक्षता का आकलन किया। विद्यार्थियों ने प्रश्नों के उत्तर देने का प्रयास किया। कलेक्टर ने उन्हें पाठों को ध्यानपूर्वक पढ़ने, उनमें निहित सीख को समझने तथा नए अंग्रेजी शब्दों का नियमित अभ्यास करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि पाठ्यपुस्तकों में दी गई कहानियों और पाठों से मिलने वाली सीख को अपने जीवन में अपनाकर विद्यार्थी बेहतर व्यक्तित्व का निर्माण कर सकते हैं। रटने के बजाय समझ और व्यावहारिक ज्ञान पर जोर कलेक्टर श्री चंद्रा ने शिक्षकों से कहा कि विद्यार्थियों को केवल रटकर पढ़ने के बजाय विषयों को समझकर सीखने के अवसर उपलब्ध कराएं। शिक्षण प्रक्रिया को सरल, रोचक और व्यावहारिक बनाते हुए विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें, ताकि वे विषयों को बेहतर ढंग से समझ सकें और सीखी गई बातों को व्यवहार में भी ला सकें। उन्होंने शिक्षकों से विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता के अनुरूप विशेष ध्यान देने तथा उनके शैक्षणिक स्तर में निरंतर सुधार के लिए प्रयास करने पर जोर दिया। नियमित अध्ययन और लक्ष्य निर्धारण से मिलेगी सफलता कलेक्टर ने विद्यार्थियों को नियमित रूप से अध्ययन करने, आत्मविश्वास बनाए रखने और अपनी रुचि एवं क्षमता के अनुरूप लक्ष्य निर्धारित करने की सीख दी। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए निरंतर प्रयास, अनुशासन और समय का सदुपयोग आवश्यक है। विद्यार्थी विद्यालय में पढ़ाई के साथ घर पर भी अतिरिक्त समय निकालकर अभ्यास करें और अपनी कमजोरियों को दूर करने का प्रयास करें। उन्होंने विद्यालय की प्राचार्या को अभिभावक-शिक्षक बैठकें आयोजित कर विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति पर चर्चा करने के निर्देश दिए। साथ ही, विद्यालय में अनियमित रूप से उपस्थित रहने वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों से संवाद कर उनकी अनुपस्थिति के कारणों को समझने तथा बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय आने के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया। स्मार्ट डिजिटल बोर्ड से शिक्षण गतिविधियों का अवलोकन कलेक्टर ने विद्यालय में स्मार्ट डिजिटल बोर्ड के माध्यम से संचालित शिक्षण प्रक्रिया का भी अवलोकन किया। उन्होंने आधुनिक शैक्षणिक संसाधनों के प्रभावी उपयोग और शिक्षण गतिविधियों में विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया। डिजिटल माध्यमों से पढ़ाई को अधिक सरल, रोचक और प्रभावी बनाकर विद्यार्थियों की विषयगत समझ विकसित करने पर जोर दिया। निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अमन वैष्णव, एसडीएम श्री पराग जैन, विद्यालय की प्राचार्य श्रीमती सीमा शुक्ला, शिक्षिका श्रीमती वर्षा दतिया सहित संबंधित अधिकारी एवं विद्यालय का शिक्षकीय स्टाफ उपस्थित रहा
स्रोत: जनसंपर्क कार्यालय, नीमच (MPINFO)

