
श्रावण मास के पावन अवसर पर रामपुरा शहर एक बार फिर शिवभक्ति के रंग में रंगने जा रहा है। शिव शक्ति कावड़ यात्रा मण्डल रामपुरा के तत्वावधान में इस वर्ष भी 3 अगस्त , रविवार को एक विशाल, भव्य एवं दिव्य कावड़ यात्रा का आयोजन होने जा रहा है। यह यात्रा शहरवासियों के लिए आस्था, श्रद्धा और उल्लास का अनुपम संगम होगी। कावड़ यात्रा का शुभारंभ प्रातः 9 बजे नाका नंबर दो स्थित चेना माता मंदिर से बाबा पशुपतिनाथ की आरती के साथ प्रारंभ होकर नगर के प्रमुख मार्गो से होती हुई कावड़ यात्रा रामपुर नगर से लगभग 15 किलोमीटर दूर स्थित प्रसिद्ध तीर्थ स्थल केदारेश्वर मंदिर में भव्य पूजा-अर्चना, आरती तथा भंडारा महा प्रसादी वितरण के साथ किया यात्रा का समापन किया जाएगा।
समिति के अमरलाल बड़ोलिया ने बताया कि यह आयोजन शिव भक्तों के पावन सान्निध्य में संपन्न होगा। यात्रा में हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है, जिसके लिए समिति द्वारा सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित कर ली गई हैं। कावड़ यात्रा के मार्ग में स्वयं सेवी संस्थाओं द्वारा कावड़ यात्रियों का स्वल्पाहार , स्वास्थ्य सेवाएं, संगीत दल, ढ़ोल-नगाड़ों की व्यवस्था और मार्ग सुरक्षा की भी पूरी तैयारी की गई है।
यात्रा की विशेषता यह होगी कि कांवड़ यात्री अपने कंधे पर पवित्र जल लेकर बोल बम के जयघोष के साथ आगे बढ़ेंगे। ढोल-नगाड़ों की गूंज, शिवभक्तों के भजन, मंत्रोच्चार और श्रद्धालुओं के उत्साह से वातावरण पूरी तरह भक्ति और ऊर्जा से ओतप्रोत रहेगा।
समिति के अमरलाल बाड़ोलिया ने समस्त सनातन धर्म प्रेमियों, भाई-बहनों और शहरवासियों से आह्वान किया है कि वे अपने परिवार सहित इस पावन आयोजन में सहभागी बनें और इस भक्ति यात्रा को ऐतिहासिक तथा सफल बनाने में अपना योगदान दें। उन्होंने कहा कि कावड़ यात्रा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक एकता, ऊर्जा और आत्मशुद्धि का भी प्रतीक है
समिति पदाधिकारियों ने बताया कि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के लिए हर पड़ाव पर पेयजल और प्रसादी वितरण की व्यवस्था रहेगी। साथ ही शहर के प्रमुख मार्गों पर कावड़ यात्रियों के स्वागत हेतु फूलों की वर्षा, स्वागत पंडाल भी लगाए जाएंगे। स्थानीय युवाओं द्वारा ढोल डीजे नगाड़ा की थाप पर यात्रा मार्ग पर नाचते गाते यात्रा के साथ चलेंगी, जो शिव भक्ति गीतों से वातावरण को भक्तिमय बनाएंगी। सुरक्षा के दृष्टिकोण से पुलिस प्रशासन और स्वयंसेवक दल तैनात रहेंगे। समिति ने श्रद्धालुओं से आग्रह किया है कि वे समय पर उपस्थित होकर निर्धारित अनुशासन का पालन करें और आयोजन को शांतिपूर्ण ढंग से सफल बनाएं।