Dr., Prof. तो सुना होगा, अब Tr. भी देखेंगे नाम के आगे, जानिए Er., CA, Adv. जैसे Prefix आखिर किसे और क्यों मिलते हैं?

नाम के आगे ‘Dr.’ तो आपने खूब देखा होगा, ‘Prof.’ भी आम है, लेकिन अब एक नया Prefix चर्चा में है- ‘Tr.’. कर्नाटक सरकार ने Teachers' Day पर राज्य के शिक्षकों को अपने नाम के आगे ‘Tr.’ लगाने की अनुमति दी है. यानी अब किसी शिक्षक का नाम ‘Tr. Rahul Sharma’ जैसे लिखा जा सकता है.

सरकार का कहना है कि यह शिक्षकों को एक अलग पेशेवर पहचान और सम्मान देने की पहल है. लेकिन सवाल सिर्फ ‘Tr.’ का नहीं है. नाम के आगे लगने वाले Dr., Prof., Er., Adv., CA, Mr., Mrs., Ms. जैसे Prefix आखिर बताते क्या हैं? इनकी शुरुआत कैसे हुई, कौन इन्हें लगा सकता है और क्या हर Prefix किसी डिग्री या पेशे का प्रमाण होता है? आइए समझते हैं.

क्यों आया और इसका मतलब क्या है? Tr. का इस्तेमाल Teacher के लिए किया जा रहा है. कर्नाटक सरकार ने इसे शिक्षकों की पेशेवर पहचान और सम्मान के तौर पर मंजूरी दी है. मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने Teachers' Day पर इसकी घोषणा करते हुए शिक्षकों को समाज और देश की प्रगति का महत्वपूर्ण आधार बताया.

सरकार की ओर से साफ किया गया है कि Tr. कोई नई डिग्री या अतिरिक्त शैक्षणिक योग्यता नहीं है. यह एक सम्मानसूचक पहचान (honorific) है. यानी किसी शिक्षक के नाम के आगे Tr. लिखा होने का मतलब यह है कि वह शिक्षक है, न कि उसने कोई नई परीक्षा या डिग्री हासिल की है.

सिर्फ डॉक्टर के लिए नहीं? Dr. सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाले Prefix में से एक है. आम तौर पर इसे Doctor के लिए इस्तेमाल किया जाता है. लेकिन यहां एक दिलचस्प बात है- हर Dr. मेडिकल डॉक्टर नहीं होता. Doctorate/PhD जैसी उच्च शैक्षणिक डिग्री हासिल करने वाले लोग भी कई संदर्भों में अपने नाम के आगे Dr.

का इस्तेमाल करते हैं. इसलिए किसी व्यक्ति के नाम के आगे Dr. देखकर सिर्फ उसके मेडिकल डॉक्टर होने का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता. यानी Dr. एक ऐसा Prefix है जो अलग-अलग संदर्भों में पेशे या शैक्षणिक योग्यता से जुड़ सकता है. ये भी पढ़ें: भारत के बारे में ये 10 आंकड़े आपको चौंका देंगे, UPI से 5G तक जानिए कितनी बदल गई देश की तस्वीर Prof.

और Tr. में क्या अंतर है? Prof. का मतलब Professor है. यह सामान्य संबोधन भर नहीं, बल्कि उच्च शिक्षा में एक अकादमिक पद से जुड़ा टाइटल है. इसलिए हर स्कूल टीचर या कॉलेज में पढ़ाने वाला व्यक्ति अपने नाम के आगे Prof. नहीं लगा सकता. Professor किसी संस्थान में मिलने वाला अकादमिक पद है, जबकि Tr.

कर्नाटक में शिक्षकों के लिए दिया गया सम्मानसूचक Prefix है. नाम के आगे क्यों लिखा जाता है? आपने कई इंजीनियरों के नाम के आगे Er. लिखा देखा होगा. का इस्तेमाल इंजीनियर के लिए किया जाता है. दिलचस्प बात यह है कि भारत सरकार के e-Governance Standards में Er.

को भी नाम के आगे लगाए जाने वाले Professional Appellation की सूची में शामिल किया गया है. इसी सूची में Dr., CA और Prof. जैसे Prefix भी दर्ज हैं. हालांकि, Er. लिखे होने का मतलब सिर्फ इतना नहीं है कि व्यक्ति के नाम के आगे यह Prefix देखकर उसकी पूरी पेशेवर योग्यता या किसी खास पद का पता चल जाए.

किसी इंजीनियर की वास्तविक शैक्षणिक योग्यता और पेशेवर स्थिति अलग से देखी जाती है. वहीं, Adv. यानी Advocate. इसका इस्तेमाल वकीलों के नाम के आगे देखने को मिलता है. ये भी पढ़ें: बचपन से आप दुनिया का गलत मैप देखते आ रहे हैं? भारत समेत इन देशों का आकार असल में कितना है CA नाम के आगे क्यों लिखा जाता है? CA यानी Chartered Accountant.

यह सामान्य सम्मानसूचक शब्द नहीं, बल्कि एक पेशेवर पहचान है. यानी यहां Prefix किसी व्यक्ति की पेशेवर योग्यता से जुड़ा है. ऐसे Prefix को Mr. या Ms. जैसे सामान्य संबोधन से अलग समझना चाहिए. Mr., Mrs., Miss और Ms. में क्या फर्क है? ये Prefix किसी पेशे या डिग्री की पहचान नहीं बताते, बल्कि सम्मान और संबोधन (honorific) के तौर पर इस्तेमाल होते हैं.

– पुरुष के लिए सामान्य संबोधन. – परंपरागत रूप से विवाहित महिला के लिए. Miss – परंपरागत रूप से अविवाहित महिला या लड़की के लिए. – महिला के लिए ऐसा संबोधन जिसमें वैवाहिक स्थिति बताने की जरूरत नहीं होती. आधुनिक अंग्रेजी में Ms. का इस्तेमाल इसलिए भी बढ़ा है क्योंकि इसमें महिला की शादी हुई है या नहीं, यह बताना जरूरी नहीं होता.

ये भी पढ़ें: चांद के आगे अब इंसान कहां जाएगा? Sunita Williams ने बताया Deep Space का भविष्य, कहा- AI, रोबोट और इंसान साथ काम करेंगे आखिर Prefix की जरूरत क्यों पड़ी? नाम के आगे टाइटल लगाने की परंपरा का मूल उद्देश्य सिर्फ नाम को बड़ा दिखाना नहीं था. Prefix किसी व्यक्ति की सामाजिक स्थिति, पेशे, पद, सम्मान या पहचान बताने का एक तरीका रहा है.

इसीलिए आज भी अलग-अलग जगहों पर Dr., Professor, Captain, Sir, Mr., Ms. जैसे संबोधन सुनने को मिलते हैं. इन्हें broadly Honorifics या titles कहा जाता है. नाम के आगे लगाए जाने वाले ऐसे शब्दों को अंग्रेजी में pre-nominal titles भी कहा जाता है. यानी किसी नाम के आगे लिखा छोटा-सा शब्द कई बार यह बताता है कि सामने वाला व्यक्ति किस पेशे से जुड़ा है, उसके पास कौन-सी शैक्षणिक योग्यता है, उसका पद क्या है या उसे किस तरह संबोधित किया जा रहा है..

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